न्याय वही है जिसमे दोनो पक्ष समझौता करके खुश हो।
लालगंज (आजमगढ) जिला एवं सत्र न्यायालय आजमगढ के तत्वाधान मे ग्राम न्यायालय लालगंज द्वारा सचल न्यायलय शनिवार को सरावां गांव के प्राथमिक विद्यालय परिसर मे चलाया गया। ग्राम न्यायालय लालगंज आजमगढ़ के न्यायाधिकारी पुनीत मोहन दास ने बताया कि दो मुकदमा चिन्हित किया गया था। जिसमे बेचन बनाम राधिका निवासी सरावां व रामसमुझ बनाम चन्द्रभान निवासी कठौनी जो लम्बे समय से न्यायालय मे विचारीधीन था। जिसका निस्तारण सुलह समझौता के आधार पर किया गया। मुकदमे के निस्तारण मे अधिवक्ता बधुओ ने सहयोग प्रदान किया जो सराहनीय कार्य है। मौके पर उपस्थित विद्वान अधिवक्ता अजय कुमार सिंह, रामविजय सिंह एडवोकेट ने बादकारियो को समय समय पर विधिक परामर्श देने की प्रतिबद्धता जताई गयी। ग्राम न्यायालय न्यायाधीकारी पुनीत मोहन दास ने बताया कि सचल न्यायलय का उददेश्य है कि बढ़ते मुकदमो को सुलह समझौता के माध्यम से कम किया जाय। सही अर्थ मे न्याय वही है जिसमे दोनो पक्ष समझौता करके खुश हो। निर्णय थोपा जाता है। निर्णय मे दोनो पक्ष खुश नही होता है। जैसे घरेलू हिंसा, नाली का पानी आ रहा है व छोटा मोटा विवाद आदि मुकदमो की पैरवी मे बुजुर्गो, पर्दानशीनो, दिब्यागो जो किन्ही कारणो से न्यायालय नही पहुंच पाते है। मुकदमा लम्बे समय से, बीस बाइस वर्षो से चल रहा है। न्याय दिलाने के लिए न्यायालय चला गांव की ओर। वादी-प्रतिवादी गांव मे न्यायालय के सामने बात कर सकते है। जिससे मुकदमो का निस्तारण हो सकता है। समझौता कराने की कड़ी अधिवक्ता हो सकते है। ग्राम न्यायालय लालगंज न्यायाधिकारी ने कहा कि हर सचल न्यायालय मे कम से कम एक-दो मुकदमे का निस्तारण अवश्य हो। जिससे सचल न्यायालय चलाने के आदेश का पालन हो सके। इस असवर पर पूर्व प्रधान यशवन्त सिंह, संध्या सिंह प्रधान, संजय सिंह, सुनील सिंह उर्फ प्रताप बहादुर सिंह, अलगू यादव, नीतिश सिंह, राहुल सिंह, विमल सिंह, दल सिंगार सरोज, सुभाष सरोज, हीरा लाल, जितेन्द्र सरोज, जितेन्द्र सिंह एडवोकेट, मानवेन्द्र एडवोकेट , रामविजय सिंह एडवोकेट, प्रदीप श्रीवास्तव एडवोकेट, पेशकार ज्वाला प्रसाद, अर्दली करुणाशंकर सिंह, कोर्ट नाजिर विजय कुमार कुशवाहा सहित अन्य कर्मचारी, अधिवक्ता व ग्रामीण उपस्थित रहे ।





