

*सोमनाथ स्वाभिमान पर्व के अन्तर्गत आयोजित हुआ सोमनाथ संकल्प महोत्सव, ज्योतिर्लिंग व आध्यात्मिक कार्यक्रम*
संवाददाता अतीक अहमद आजमगढ़ न्यूज़
*मा0 प्रधानमंत्री के सोमनाथ अमृत महोत्सव एवं मा0 मुख्यमंत्री उ0प्र0 के सोमनाथ संकल्प महोत्सव का बाबा भंवरनाथ मंदिर में हुआ सजीव प्रसारण*
*सोमनाथ विरासत के 75 साल पूरे होने पर जनपद के शिवालयों में रूद्राभिषेक के साथ गूंजी ओमकार जाप*
*सोमनाथ आशा का वह दीप है, जो हमे सिखाता है कि सृजन की शक्ति, विनाश से कहीं अधिक प्रबल होती है- मा0 प्रधानमंत्री*
आजमगढ़ 11 मई 2026/
सोमनाथ स्वाभिमान पर्व के अन्तर्गत सोमनाथ संकल्प महोत्सव, ज्योतिर्लिंग एवं आध्यात्मिक कार्यक्रम का मा0 प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा गुजरात के सोमनाथ में एवं मा0 मुख्यमंत्री उ0प्र0 योगी आदित्यनाथ द्वारा श्री काशी विश्वनाथ धाम परिसर में आयोजित कार्यक्रम का सजीव प्रसारण जिला प्रशासन एवं पर्यटन, संस्कृति, सूचना विभाग द्वारा जनपदीय कार्यक्रम बाबा भंवरनाथ मंदिर परिसर, आजमगढ़ में दिव्यता व भव्यता के साथ आयोजित किया गया।
शासन के निर्देश के क्रम में जिलाधिकारी रविन्द्र कुमार एवं मुख्य विकास अधिकारी परीक्षित खटाना द्वारा जनपद, तहसील एवं विकास खण्ड स्तर पर नामित नोडल अधिकारी द्वारा शिवालयों (शिव मंदिर) में स्वच्छता अभियान, शिवालयों में मंत्रोच्चार, आंेमकार जाप, महा आरती, रूद्राभिषेक, दीपोत्सव, सोमनाथ संकल्प संवाद, प्रवचन, भजन संध्या का कार्यक्रम स्थानीय समुदाय द्वारा जनभागीदारी के साथ आयोजित किया गया। महिलाओं की व्यापक सहभागिता के साथ कलश यात्रा का आयोजन किया गया। जनपद में सोमनाथ स्वाभिमान पर्व के उपलक्ष्य में रंगोली, निबन्ध, लेखन एवं पेंटिंग आदि प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। सोमनाथ के ऐतिहासिक व आध्यात्मिक महत्व पर भक्तिपूर्ण एवं सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। सोमनाथ स्वाभिमान पर्व के वेबसाइट से बुकलेट डाउनलोड कर जनमानस/श्रद्धालुुओं आदि से ओम नमः शिवाय का जाप अंकित कराते हुए बुकलेट प्रभास पाटन, गुजरात को जिला प्रशासन द्वारा प्रेषित किया जायेगा।
सोमनाथ स्वाभिमान पर्व भारत की आस्था, संस्कृति और आत्मगौरव का भव्य उत्सव है, जो सोमनाथ मन्दिर के हजार वर्षों की अविचलित यात्रा को स्मरण करता है। गुजरात के प्रभास पाटन में स्थित यह मन्दिर द्वादश ज्योतिर्लिंगों में प्रथम है और इसे “सौराष्ट्र सोमनाथं च” कहकर सर्वाेच्च स्थान दिया गया है। इतिहास में अनेक बार आक्रमण और विध्वंस के बावजूद यह मन्दिर बार-बार पुनर्निर्मित हुआ, जो भारतीय सभ्यता की अदम्य शक्ति और पुनरुत्थान की भावना का प्रतीक है। स्वाभिमान पर्व का संदेश यही है कि सोमनाथ का इतिहास पराजय का नहीं, बल्कि विजय और पुनर्निर्माण का है। यह पर्व हमें यह स्मरण कराता है कि आस्था और संस्कृति समय की कसौटी पर खरे उतरते हैं और सृजन ही स्थायी है, जबकि विनाश क्षणिक। सोमनाथ मन्दिर केवल धार्मिक स्थल नहीं, अपितु भारत की आत्मा, गौरव और सांस्कृतिक दृढ़ता का जीवन्त प्रतीक है।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने आज सोमनाथ मंदिर का दौरा किया और पुनर्निर्मित मंदिर के भक्तों के लिए खुलने के 75 वर्ष पूरे होने के अवसर पर अपनी कृतज्ञता व्यक्त की। प्रधानमंत्री ने पुनर्निर्मित सोमनाथ मंदिर के उद्घाटन की 75वीं वर्षगांठ पर वहां पहुंचकर अपने दिव्य अनुभव का वर्णन किया। श्री मोदी ने कहा कि मंदिर के मार्ग पर भगवान सोमनाथ के भक्तों की अपार ऊर्जा और उत्साह देखकर वे अभिभूत और भावुक हो गए। उन्होंने कहा कि आज वे उस क्षण को फिर से जी रहे हैं, जो भारत के प्रथम राष्ट्रपति डॉ. राजेंद्र प्रसाद जी ने पुनर्निर्मित मंदिर के उद्घाटन के दौरान अनुभव किया होगा। उन्होंने कहा कि सोमनाथ अमृत महोत्सव का भक्तिमय वातावरण चारों ओर एक अद्भुत ऊर्जा का संचार कर रहा है।
प्रधानमंत्री ने यह भी कहा कि सोमनाथ के हर कोने में भक्ति का अनुभव किया जा सकता है। पुनर्निर्मित मंदिर के खुलने के 75 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में अगिनत लोगों के एकत्रित होने पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए, मोदी ने इस बात पर बल दिया कि यह ऐतिहासिक दिन वास्तव में भारत की सभ्यतागत यात्रा में मील का पत्थर है।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने सोमनाथ मंदिर की दृढ़ता और शाश्वत सभ्यतागत महत्व पर प्रकाश डाला। प्रधानमंत्री ने कहा कि सोमनाथ मात्र एक मंदिर नहीं, बल्कि भारत की अदम्य भावना का प्रतीक है। श्री मोदी ने इस बात पर प्रकाश डाला कि खंडहर से पुनर्निर्माण तक का इसका सफर राष्ट्र की अदम्य विरासत और अटूट परंपरा को दर्शाता है। सोमनाथ केवल एक मंदिर नहीं है, यह भारत की अदम्य भावना का प्रतीक है। खंडहर से पुनर्निर्माण तक का इसका सफर भारत की अजेय विरासत और उसके अदम्य संकल्प को दर्शाता है। उन्होंने यह भी कहा है कि तत्कालीन राजनीतिक व्यवस्था के विरोध के बावजूद, पुनर्निर्मित मंदिर का उद्घाटन किया गया, जिसने भारत के सांस्कृतिक पुनर्जागरण और गौरव के बीज बोए।”
जिलाधिकारी रविन्द्र कुमार के कुशल मार्गदर्शन व निर्देशन में एवं मुख्य विकास अधिकारी परीक्षित खटाना के पर्यवेक्षण में सोमनाथ संकल्प महोत्सव, ज्योतिर्लिंग एवं आध्यात्मिक कार्यक्रम के अन्तर्गत जिला पर्यटन अधिकारी नवीन सिंह व जिला सूचना अधिकारी डॉ0 पंकज कुमार ने बाबा भंवरनाथ मंदिर में विधि विधान से रूद्राभिषेक कर सोमनाथ संकल्प संवाद के क्रम में जनपद वासियों के लिए सुख समृद्धि की कामना किया। स्थानीय सांस्कृतिक कलाकार- आदर्श मिश्रा व अन्य लोक कलाकारों द्वारा महा आरती, शिव प्रवचन, भजन संध्या कार्यक्रम के माध्यम से सोमनाथ के वैभवशाली विरासत व इतिहास से जनमानस को जागरूक किया गया।
इस अवसर पर सीएम फेलो आनन्द तिवारी सहित बड़ी संख्या में महिला, श्रद्धालुगण व जनपदवासी उपस्थित रहे।





